मरीजों को गर्मी में राहत देने के लिए व्यवस्थाएं और सुदृढ़ करने के निर्देश
जोधपुर। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य तथा चिकित्सा शिक्षा विभाग की प्रमुख शासन सचिव Gayatri Rathore ने सोमवार को Mathuradas Mathur Hospital का औचक निरीक्षण कर विभिन्न चिकित्सा व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने अस्पताल में उपचार व्यवस्था, ट्रॉमा सेवाओं, आपातकालीन चिकित्सा सुविधाओं तथा मरीजों एवं उनके परिजनों को उपलब्ध करवाई जा रही सुविधाओं की विस्तृत समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
ट्रॉमा सेंटर से आईसीयू तक व्यवस्थाओं का निरीक्षण
निरीक्षण के दौरान श्रीमती राठौड़ ने ट्रॉमा सेंटर, सीटी स्कैन एवं एक्स-रे विंग, ओपीडी सेक्शन, आपातकालीन विभाग, आईसीयू-डी रेड जोन, ट्रॉमा कैजुअल्टी वार्ड तथा मल्टी लेवल आईसीयू वार्ड का अवलोकन किया।
उन्होंने विभिन्न इकाइयों में उपचाराधीन मरीजों एवं उनके परिजनों से संवाद कर चिकित्सा सुविधाओं, उपचार व्यवस्था एवं अन्य व्यवस्थाओं की जानकारी ली।
गर्मी को देखते हुए कूलिंग सिस्टम एवं पेयजल व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश
प्रमुख शासन सचिव ने अस्पताल प्रशासन को निर्देश दिए कि भीषण गर्मी को देखते हुए मरीजों एवं उनके साथ आने वाले परिजनों को अधिकतम राहत उपलब्ध करवाई जाए।
उन्होंने अस्पताल परिसर में कूलिंग सिस्टम, छायादार टेंट, पेयजल एवं बैठने की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि बढ़ती मरीज संख्या को देखते हुए किसी भी मरीज को अनावश्यक परेशानी का सामना नहीं करना पड़े।
रजिस्ट्रेशन एवं ओपीडी व्यवस्था की समीक्षा
ओपीडी एवं पंजीयन व्यवस्था का निरीक्षण करते हुए श्रीमती राठौड़ ने मरीजों के रजिस्ट्रेशन एवं पर्ची बनवाने में लगने वाले समय की जानकारी ली।
उन्होंने आवश्यकता अनुसार अतिरिक्त काउंटर संचालित करने तथा भीड़ प्रबंधन को और अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश दिए ताकि मरीजों को त्वरित सेवाएं उपलब्ध हो सकें।
ट्रॉमा सेवाओं को और अधिक मजबूत करने पर जोर
ट्रॉमा सेंटर निरीक्षण के दौरान उन्होंने ट्रॉमा प्रबंधन एवं आपातकालीन सेवाओं की समीक्षा करते हुए कहा कि एमडीएम अस्पताल में प्रतिदिन बड़ी संख्या में ट्रॉमा केस पहुंच रहे हैं, ऐसे में ट्रॉमा सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ किया जाए।
उन्होंने मैनपावर की प्रभावी तैनाती तथा लंबित परियोजनाओं को प्राथमिकता से पूर्ण करने के निर्देश भी दिए।
निशुल्क उपचार व्यवस्था पर सरकार की प्रतिबद्धता
मीडिया से संवाद करते हुए श्रीमती गायत्री राठौड़ ने कहा कि राज्य सरकार सरकारी अस्पतालों में आने वाले प्रत्येक मरीज को निशुल्क दवा, निशुल्क जांच, निशुल्क इलाज एवं निशुल्क ऑपरेशन उपलब्ध करवाने के लिए प्रतिबद्ध है।
उन्होंने कहा कि यदि किसी स्तर पर मरीज को सुविधा उपलब्ध नहीं होने की शिकायत प्राप्त होती है तो उसकी जांच कर आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी।
चिकित्सा संसाधनों एवं मानव संसाधन विस्तार पर फोकस
उन्होंने बताया कि मेडिकल कॉलेजों को आवश्यकता अनुसार स्पॉट परचेज की सुविधा उपलब्ध करवाई गई है ताकि आपात परिस्थितियों में संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित की जा सके।
श्रीमती राठौड़ ने कहा कि एमडीएम अस्पताल सहित संभागीय अस्पतालों में लगातार बढ़ रही मरीज संख्या को देखते हुए अतिरिक्त नर्सिंग स्टाफ एवं अन्य कार्मिकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के प्रयास किए जा रहे हैं।
निरीक्षण के दौरान जिला कलक्टर Alok Ranjan, प्रिंसिपल एवं कंट्रोलर बी.एस. जोधा, एमडीएम अस्पताल के अधीक्षक डॉ. विकास राजपुरोहित सहित अन्य वरिष्ठ चिकित्सक एवं अधिकारी उपस्थित रहे।












